MP Cabinet Decisions: मोहन यादव कैबिनेट ने 42,490 करोड़ से ज्यादा के प्रस्तावों को दी मंजूरी, शिक्षा-सिंचाई समेत कई बड़े फैसले

भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंगलवार को मंत्रालय में हुई मध्य प्रदेश कैबिनेट की बैठक में विकास, अधोसंरचना और जनकल्याण से जुड़े कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। कैबिनेट ने कुल ₹42,490 करोड़ से अधिक के प्रस्तावों को स्वीकृति दी है।
इनमें सबसे बड़ा प्रावधान समग्र शिक्षा योजना के लिए ₹36,006.22 करोड़ का है। इसके अलावा परिवहन विभाग की 11 योजनाओं के लिए ₹1,166.60 करोड़, उद्यानिकी विभाग की 8 योजनाओं के लिए ₹491 करोड़ और तीन सिंचाई परियोजनाओं के लिए ₹2,607 करोड़ से अधिक की राशि स्वीकृत की गई।
तीन सिंचाई परियोजनाओं को मंजूरी
कैबिनेट ने उज्जैन की चितावद, सिंगरौली की गौंड और अशोकनगर की चंदेरी सिंचाई परियोजनाओं की निरंतरता को मंजूरी दी है। तीनों परियोजनाओं के लिए कुल ₹2,607 करोड़ से अधिक का प्रावधान किया गया है।
इन परियोजनाओं के पूरा होने से प्रदेश में 1.27 लाख हेक्टेयर से अधिक क्षेत्र में सिंचाई क्षमता विकसित होने की उम्मीद है।
परियोजनावार स्वीकृत राशि:
- चितावद सिंचाई परियोजना, उज्जैन: ₹1,846.05 करोड़
- गौंड सिंचाई परियोजना, सिंगरौली: ₹749.62 करोड़
- चंदेरी माइक्रो सिंचाई परियोजना, अशोकनगर: ₹11.49 करोड़
समग्र शिक्षा योजना के लिए ₹36 हजार करोड़
कैबिनेट ने समग्र शिक्षा योजना को वित्तीय वर्ष 2026-27 से 2030-31 तक जारी रखने के लिए ₹36,006.22 करोड़ की स्वीकृति दी है।
योजना का उद्देश्य स्कूली शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार, सामाजिक एवं लैंगिक असमानता कम करना, शिक्षा में समान अवसर उपलब्ध कराना और व्यावसायिक शिक्षा को बढ़ावा देना है।
इसके तहत पूर्व प्राथमिक से कक्षा 12 तक 4 से 18 वर्ष की आयु के विद्यार्थियों की शिक्षा से संबंधित व्यवस्थाएं शामिल रहेंगी। साथ ही शिक्षक प्रशिक्षण संस्थानों को मजबूत करने पर भी विशेष जोर दिया जाएगा।
परिवहन विभाग की 11 योजनाओं के लिए ₹1,166 करोड़
परिवहन विभाग की 11 योजनाओं को जारी रखने के लिए ₹1,166.60 करोड़ की मंजूरी दी गई है।
इसमें:
- उड़नदस्ता और चेक पॉइंट के लिए ₹377.41 करोड़
- जिला स्थापना के लिए ₹361.89 करोड़
- परिवहन मुख्यालय के लिए ₹120.10 करोड़
- स्मार्ट कार्ड योजना के लिए ₹245.55 करोड़
शामिल हैं।
इसके अलावा सड़क सुरक्षा, ड्राइविंग प्रशिक्षण केंद्र, ग्रामीण परिवहन नीति, नेक व्यक्ति पुरस्कार और महिलाओं की सुरक्षा से संबंधित योजनाएं भी जारी रहेंगी।
उद्यानिकी विभाग की 8 योजनाओं को ₹491 करोड़
उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग की 8 योजनाओं को वर्ष 2030-31 तक जारी रखने के लिए ₹491 करोड़ की स्वीकृति दी गई है।
प्रमुख प्रावधानों में:
- फल पौध रोपण — ₹100 करोड़
- मसाला क्षेत्र विस्तार — ₹100 करोड़
- संरक्षित खेती — ₹85 करोड़
- फसल बीमा — ₹53 करोड़
- खाद्य प्रसंस्करण — ₹53 करोड़
- कोल्ड चेन — ₹50 करोड़
शामिल हैं।
इन योजनाओं के जरिए बागवानी उत्पादन, संरक्षित खेती और खाद्य प्रसंस्करण से जुड़ी गतिविधियों को बढ़ावा देने का लक्ष्य है।
मैहर, मऊगंज और पांढुर्णा में खनिज कार्यालय
कैबिनेट ने नए जिलों मैहर, मऊगंज और पांढुर्णा में खनिज शाखा स्थापित करने के लिए 21 नए पदों को मंजूरी दी है। प्रत्येक जिले में 7-7 पद स्वीकृत किए गए हैं।
इससे इन जिलों में खनिज प्रशासन और विभागीय कार्यों के लिए अलग व्यवस्था उपलब्ध होगी।
अनूपपुर-शहडोल के 4 हाई स्कूलों के लिए 36 पद
कैबिनेट ने अनूपपुर और शहडोल में माध्यमिक शाला से हाई स्कूल में उन्नयित और संचालित 4 विद्यालयों के लिए 36 नियमित पद स्वीकृत किए हैं।
इनमें:
- प्राचार्य हाई स्कूल — 4 पद
- माध्यमिक शिक्षक — 24 पद
- प्राथमिक शिक्षक — 4 पद
- सहायक ग्रेड-3 — 4 पद
शामिल हैं।
इन विद्यालयों में केल्हौरी, बाड़ीखार और भालूमाड़ा जिला अनूपपुर तथा नवलपुर जिला शहडोल शामिल हैं।
लाड़ली बहनों को ₹250 अतिरिक्त सहायता का अनुसमर्थन
कैबिनेट ने रक्षाबंधन के अवसर पर लाड़ली बहनों को अगस्त की नियमित सहायता राशि के साथ ₹250 की अतिरिक्त विशेष आर्थिक सहायता देने के मुख्यमंत्री के 20 अगस्त के आदेश का अनुसमर्थन भी किया।
इससे रक्षाबंधन के अवसर पर पात्र लाड़ली बहना हितग्राहियों को नियमित सहायता के अतिरिक्त विशेष आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने का निर्णय औपचारिक रूप से अनुमोदित हुआ।
मार्कफेड को ₹2,220 करोड़ का ब्याज मुक्त ऋण
कैबिनेट ने रबी विपणन वर्ष 2024-25 की खाद्यान्न साख-सीमा ऋण की शेष राशि चुकाने के लिए मार्कफेड को ₹2,220.62 करोड़ का ब्याज मुक्त ऋण देने का फैसला किया है।
इस राशि का पुनर्भुगतान 30 सितंबर 2026 तक सुनिश्चित किया जाना है।
ग्रामीण सड़क विकास प्राधिकरण के फैसलों की जानकारी
बैठक में मंत्रिपरिषद को मध्यप्रदेश ग्रामीण सड़क विकास प्राधिकरण की 26 मई 2026 को आयोजित 64वीं साधिकार समिति की बैठक में लिए गए फैसलों की जानकारी भी दी गई।
कुल मिलाकर मंगलवार की कैबिनेट बैठक में शिक्षा, सिंचाई, परिवहन, उद्यानिकी, खनिज प्रशासन और ग्रामीण विकास से जुड़े कई प्रस्तावों पर फैसले लिए गए। सरकार के मुताबिक इन स्वीकृतियों का उद्देश्य अधोसंरचना को मजबूत करने के साथ शिक्षा, कृषि और जनकल्याण से जुड़ी योजनाओं को आगे बढ़ाना है।





