MP NEWS: CM मोहन यादव के शहडोल दौरे पर कांग्रेस का विरोध प्रदर्शन का ऐलान, काले झंडे दिखाने की तैयारी

शहडोल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के 25 अक्टूबर को प्रस्तावित शहडोल दौरे से पहले सियासी हलचल तेज हो गई है। जिला कांग्रेस कमेटी ने मुख्यमंत्री के आगमन पर काले झंडे दिखाकर विरोध प्रदर्शन करने का ऐलान किया है। कांग्रेस के इस फैसले के बाद जिला प्रशासन सतर्क हो गया है। इससे पहले मुख्यमंत्री के एक दौरे के दौरान भी कांग्रेस कार्यकर्ताओं के काले झंडे लेकर काफिले के पास पहुंचने से तनाव की स्थिति बनी थी। उस समय तत्कालीन कलेक्टर केदार सिंह को खुद मोर्चा संभालना पड़ा था।
किसान और बेरोजगारी के मुद्दों पर कांग्रेस का विरोध
जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अजय अवस्थी के नेतृत्व में वरिष्ठ कांग्रेस पदाधिकारियों की बैठक हुई। इसमें सर्वसम्मति से मुख्यमंत्री के दौरे के दौरान विरोध प्रदर्शन करने का निर्णय लिया गया। कांग्रेस ने भाजपा सरकार की नीतियों, किसानों की समस्याओं, कथित वोट चोरी, बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी और शहडोल जिले की कानून-व्यवस्था को लेकर सवाल उठाए हैं।
कांग्रेस की योजना के मुताबिक, जिलेभर के कार्यकर्ता पहले कांग्रेस भवन में एकत्रित होंगे। इसके बाद वे मुख्यमंत्री के कार्यक्रम स्थल की ओर कूच करेंगे। विरोध प्रदर्शन को देखते हुए प्रशासन के सामने मुख्यमंत्री के दौरे के दौरान सुरक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखने की चुनौती रहेगी।
बाणगंगा मैदान में होगा मुख्यमंत्री का कार्यक्रम
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 25 अक्टूबर को एक दिवसीय दौरे पर शहडोल पहुंचेंगे। बाणगंगा मैदान में आयोजित होने वाले कार्यक्रम में छह जिलों के तेंदूपत्ता संग्राहकों को सिंगल क्लिक के माध्यम से बोनस राशि वितरित की जाएगी। इसके साथ ही करीब 400 करोड़ रुपये के विभिन्न निर्माण कार्यों का भूमिपूजन और लोकार्पण प्रस्तावित है। मुख्यमंत्री डीएफओ कार्यालय का उद्घाटन भी करेंगे।
कलेक्टर बोले- प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद
मुख्यमंत्री के दौरे और कांग्रेस के विरोध प्रदर्शन के ऐलान को लेकर जिला प्रशासन सतर्क है। शहडोल कलेक्टर पार्थ जायसवाल ने कहा कि प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है और पूरे घटनाक्रम पर नजर रखी जा रही है।
एक ओर सरकार हितलाभ वितरण और विकास कार्यों के कार्यक्रम की तैयारी कर रही है, वहीं दूसरी ओर कांग्रेस ने विरोध प्रदर्शन की घोषणा की है। ऐसे में 25 अक्टूबर को मुख्यमंत्री का शहडोल दौरा प्रशासनिक तैयारियों के साथ राजनीतिक विरोध के लिहाज से भी अहम रहने वाला है।





