White Revolution 2.0: अमित शाह ने की CM मोहन यादव की तारीफ, MP में 50 लाख लीटर दूध उत्पादन का लक्ष्य

भोपाल। मध्य प्रदेश में श्वेत क्रांति 2.0 की शुरुआत के साथ ही सरकार ने दूध उत्पादन बढ़ाने का बड़ा लक्ष्य तय किया है। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने शुक्रवार को भोपाल के भेल दशहरा मैदान में आयोजित राज्य स्तरीय गोपालक सम्मेलन में प्रदेश में प्रतिदिन 50 लाख लीटर दूध के संग्रहण का लक्ष्य रखा। इस दौरान उन्होंने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और उनकी टीम की ओर से गोपालकों के लिए किए जा रहे कार्यों की तारीफ भी की।
अमित शाह ने कहा कि मध्य प्रदेश में दूध उत्पादन बढ़ाने के लिए केंद्र सरकार हर कदम पर राज्य के साथ खड़ी है। उन्होंने कहा कि लक्ष्य मुश्किल जरूर है, लेकिन इसे हासिल किया जा सकता है। शाह ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को गोपालकों के हित में किए जा रहे कार्यों के लिए बधाई भी दी।
डेयरी परियोजनाओं को मिली बड़ी सौगात
गोपालक सम्मेलन में अमित शाह ने प्रदेश के दुग्ध क्षेत्र से जुड़ी कई परियोजनाओं का लोकार्पण और भूमिपूजन किया। उज्जैन में 255 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले प्रतिदिन 3 लाख लीटर क्षमता के दुग्ध प्रोसेसिंग प्लांट का वर्चुअल भूमिपूजन किया गया।
इसके अलावा भोपाल में 16.5 करोड़ रुपये की लागत से 40 हजार लीटर प्रतिदिन क्षमता वाले प्रोडक्ट डेयरी प्लांट, 12.42 करोड़ रुपये की लागत से तैयार राज्य स्तरीय केंद्रीय प्रयोगशाला और शिवपुरी में 6.5 करोड़ रुपये की लागत से मिनी डेयरी प्लांट के सुदृढ़ीकरण कार्य का लोकार्पण किया गया।
शाह ने कहा कि इन परियोजनाओं से दूध के प्रसंस्करण और डेयरी से जुड़ी अधोसंरचना को मजबूती मिलेगी। इससे रोजगार और स्वरोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे।
गोपालकों को दूध का बेहतर दाम दिलाने पर जोर
अमित शाह ने कहा कि बिचौलियों के माध्यम से दूध बेचने पर उत्पादकों को कम कीमत मिलती है, जबकि सहकारी समितियों के जरिए दूध बेचने पर बेहतर भुगतान सुनिश्चित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि दूध से दही, मक्खन और पनीर जैसे उत्पाद तैयार करने के लिए पूरा इकोसिस्टम विकसित किया जा रहा है।
कार्यक्रम में भोपाल और इंदौर दुग्ध संघ से जुड़े सदस्यों को बोनस राशि का वितरण भी किया गया। वहीं, पंजीकृत गौशालाओं को सहायता राशि दी गई और पांच गोपालक दीदियों का सम्मान किया गया।
नस्ल सुधार से बढ़ेगा दूध उत्पादन
शाह ने कहा कि मध्य प्रदेश में गाय और भैंस की नस्ल सुधार के लिए 50 एकड़ भूमि पर कार्यक्रम शुरू किया जाएगा। इसके जरिए बेहतर नस्ल और आधुनिक प्रजनन तकनीक को बढ़ावा देने की बात कही गई।
उन्होंने कहा कि अगले तीन वर्षों में मध्य प्रदेश में दूध उत्पादन की क्षमता को बढ़ाकर 50 लाख लीटर प्रतिदिन तक ले जाने का लक्ष्य रखा गया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भी कहा कि प्रदेश में दुग्ध समितियों का विस्तार कर दूध संग्रहण की क्षमता बढ़ाई जाएगी।
75 हजार नई डेयरी समितियों का लक्ष्य
अमित शाह ने कहा कि केंद्र सरकार ने देशभर में 75 हजार नई डेयरी सहकारी समितियां बनाने और करीब 46 हजार मौजूदा डेयरियों को मजबूत करने का लक्ष्य रखा है। उन्होंने कहा कि इस अभियान में मध्य प्रदेश की महत्वपूर्ण भूमिका होगी।
शाह ने डेयरी आधारित अर्थव्यवस्था को ग्रामीण रोजगार और महिलाओं की आर्थिक भागीदारी से भी जोड़ा। उन्होंने कहा कि गोबर से जैविक खाद और बायोगैस सहित अन्य उत्पाद तैयार करने के लिए भी मॉडल विकसित किए जाएंगे।
MP को 2029 तक नशामुक्त करने का लक्ष्य
कार्यक्रम के दौरान अमित शाह ने मध्य प्रदेश को 31 दिसंबर 2029 से पहले नशामुक्त करने का लक्ष्य भी दोहराया। उन्होंने कहा कि इसके लिए केंद्र और राज्य सरकार मिलकर योजनाबद्ध तरीके से काम करेंगे और प्रदेश के युवाओं को नशे से दूर रखने पर जोर दिया जाएगा।
नए आपराधिक कानूनों की प्रदर्शनी का उद्घाटन
अमित शाह ने भेल दशहरा मैदान में नए आपराधिक कानूनों पर राज्य स्तरीय प्रदर्शनी का भी उद्घाटन किया। उन्होंने प्रदर्शनी के विभिन्न खंडों का अवलोकन किया और मध्य प्रदेश पुलिस द्वारा नए कानूनों के क्रियान्वयन से जुड़े कार्यों की जानकारी ली।
शाह ने कहा कि नए आपराधिक कानूनों का मूल मंत्र ‘न्याय है, दंड नहीं’ है। उनके मुताबिक कानूनों में ऑनलाइन एफआईआर, वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग और वैज्ञानिक जांच जैसे प्रावधानों को शामिल किया गया है।
वहीं, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रदेश में वर्तमान में प्रतिदिन दो करोड़ लीटर से अधिक दूध का उत्पादन हो रहा है और मध्य प्रदेश दूध उत्पादन के मामले में देश के प्रमुख राज्यों में शामिल है। उन्होंने कहा कि दुग्ध समितियों के विस्तार और डेयरी वैल्यू चेन को मजबूत कर गोपालकों और किसानों की आय बढ़ाने पर सरकार का फोकस है।





