MP News: पूर्व ओलंपियन अंकित शर्मा फरार घोषित, उम्र और दस्तावेजों में फर्जीवाड़े के आरोप, 5 हजार का इनाम

मध्य प्रदेश के मुरैना में पूर्व ओलंपियन और लंबी कूद के खिलाड़ी अंकित शर्मा की मुश्किलें बढ़ गई हैं। पुलिस ने उन्हें फरार घोषित करते हुए गिरफ्तारी के लिए 5,000 रुपये का इनाम घोषित किया है। उन पर कथित तौर पर जन्मतिथि में बदलाव कर फर्जी दस्तावेजों के आधार पर खेल प्रतियोगिताओं में हिस्सा लेने और सरकारी नौकरी हासिल करने के आरोप हैं। हालांकि, इन आरोपों की पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया के जरिए होनी बाकी है।
अंकित शर्मा फिलहाल चेन्नई में आयकर विभाग में इंस्पेक्टर के पद पर तैनात बताए जाते हैं। उन्हें यह नौकरी खेल कोटे के तहत मिली थी। अगस्त में ग्वालियर निवासी डॉ. राजकुमार तिवारी की शिकायत पर मुरैना की सिटी कोतवाली पुलिस ने उनके खिलाफ मामला दर्ज किया था। डॉ. तिवारी उनके ससुर हैं। बताया गया है कि अंकित और उनकी पत्नी के बीच विवाद के बाद यह शिकायत दर्ज कराई गई।
जन्मतिथि में पांच साल की हेराफेरी का आरोप
शिकायतकर्ता डॉ. राजकुमार तिवारी का आरोप है कि अंकित शर्मा ने अपनी जन्मतिथि में कथित तौर पर बदलाव कर उम्र करीब पांच साल कम दिखाई। शिकायत के मुताबिक, विभिन्न स्कूलों में प्रवेश के दौरान जन्म प्रमाण पत्र, स्थानांतरण प्रमाण पत्र (टीसी) और अंकसूचियों का इस्तेमाल किया गया, जिनमें उनकी जन्मतिथि 20 जुलाई 1992 दर्ज थी। जबकि शिकायतकर्ता ने उनका जन्म वर्ष 1987 बताया है।
शिकायत में पिनाहट और मुरैना के स्कूलों के साथ भोपाल के हीरोज कॉन्वेंट हाई स्कूल में जमा कराए गए दस्तावेजों पर भी सवाल उठाए गए हैं। आरोप है कि इन्हीं दस्तावेजों के आधार पर अंकित ने कम उम्र की श्रेणी वाली प्रतियोगिताओं में हिस्सा लिया और आगे चलकर खेल कोटे से सरकारी नौकरी हासिल की।
रियो ओलंपिक में भारत का किया था प्रतिनिधित्व
अंकित शर्मा ने 2016 में ब्राजील के रियो डी जनेरियो में आयोजित ओलंपिक खेलों में भारत का प्रतिनिधित्व किया था। वे लंबी कूद के खिलाड़ी हैं। इससे पहले उन्होंने 2016 के दक्षिण एशियाई खेलों में ट्रिपल जंप में स्वर्ण पदक भी जीता था।
शिकायतकर्ता का आरोप है कि कथित रूप से बदली गई जन्मतिथि और संबंधित दस्तावेजों का इस्तेमाल राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में भाग लेने तथा आयकर विभाग में नौकरी पाने के लिए किया गया। उन्होंने पुलिस को स्कूलों के प्रवेश रजिस्टर, टीसी, अंकसूची और अन्य दस्तावेज भी सौंपने का दावा किया है।
दो महीने बाद पुलिस ने घोषित किया फरार
शिकायत दर्ज होने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की थी। अगस्त में सीएसपी दीपाली चंदोरिया ने बताया था कि जांच के बाद एफआईआर दर्ज की गई है और अंकित शर्मा की तलाश की जा रही है।
अब करीब दो महीने बाद पुलिस ने उन्हें फरार घोषित करते हुए 5,000 रुपये का इनाम जारी किया है। पुलिस की ओर से गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं। मामले में उम्र और दस्तावेजों से जुड़े आरोपों की अंतिम सच्चाई जांच और कानूनी प्रक्रिया के बाद ही स्पष्ट होगी।





