इंदौर में नशा तस्करी पर सज्जन सिंह वर्मा का कैलाश विजयवर्गीय को तंज, बोले- इस्तीफा देकर हमारे साथ आ जाओ

इंदौर। मध्य प्रदेश में अवैध नशे के कारोबार को लेकर सियासत तेज हो गई है। इंदौर की विधानसभा-1 में नशा तस्करी और नशेड़ियों के कथित आतंक को लेकर भाजपा नेताओं की शिकायतों के बीच कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री सज्जन सिंह वर्मा ने कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय को नसीहत दी है। वर्मा ने कहा कि विजयवर्गीय उनके अच्छे मित्र हैं और उन्हें सरकार से इस्तीफा देकर उनके साथ आकर जनता की लड़ाई लड़नी चाहिए।
सत्यनारायण सत्तन को बताया गुरु
भाजपा के वरिष्ठ नेता सत्यनारायण सत्तन और विधानसभा-1 के अन्य नेताओं ने हाल ही में अवैध नशा तस्करी के खिलाफ डीसीपी नरेंद्र रावत को शिकायत सौंपकर कार्रवाई की मांग की थी। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए सज्जन सिंह वर्मा ने सत्तन को अपना गुरु बताया। उन्होंने कहा कि वे उनका बहुत सम्मान करते हैं और अगर उन्होंने इस मुद्दे पर मोर्चा खोला है, तो इसके पीछे कोई गंभीर वजह होगी।
वर्मा ने आरोप लगाया कि नशे का अवैध कारोबार केवल विधानसभा-1 तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरे प्रदेश में इसकी समस्या है। उन्होंने गुजरात तक अवैध शराब भेजे जाने का आरोप भी लगाया।
‘कैलाश मेरे अच्छे दोस्त हैं, इस्तीफा देकर साथ आ जाएं’
कैलाश विजयवर्गीय को लेकर सज्जन सिंह वर्मा ने कहा कि दोनों के बीच अच्छे संबंध हैं। उन्होंने तंज भरे अंदाज में कहा कि विजयवर्गीय इस्तीफा देकर उनके साथ आ जाएं, ताकि दोनों मिलकर जनता की लड़ाई लड़ सकें।
वर्मा ने कहा, “हम दोनों एक और एक ग्यारह होकर जनता की लड़ाई लड़ेंगे। गाड़ी-घोड़े और घर की कमी थोड़ी है, जनता हमारे साथ है।”
उन्होंने आगे कहा, “ऐसा भी क्या काम जो जमीर बेचकर करना पड़े।” वर्मा ने अपने बयान में उसूलों और मूल्यों के मुताबिक जीवन जीने की बात भी कही।
नशा तस्करी के मुद्दे पर बढ़ी राजनीतिक बयानबाजी
इंदौर में अवैध नशे के कारोबार को लेकर भाजपा नेताओं की शिकायत और सज्जन सिंह वर्मा के बयान के बाद यह मुद्दा राजनीतिक बहस के केंद्र में आ गया है। एक ओर भाजपा नेताओं ने पुलिस से कार्रवाई की मांग की है, वहीं कांग्रेस नेता ने प्रदेश में नशे के कारोबार को लेकर सरकार पर सवाल उठाए हैं। अब देखना होगा कि शिकायतों पर पुलिस क्या कार्रवाई करती है और सरकार इस मुद्दे पर क्या कदम उठाती है।





